Thu, 08 06, 2026
देश

मां को पढ़ते देख प्रोफेसर बनने की ठानी:

मां को पढ़ते देख प्रोफेसर बनने की ठानी:IIT मद्रास में पढ़ी, 21 साल से पढ़ा रही, अब तंजानिया में संभालूंगी आईआईटी की कमान

post-img

इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (IIT) मद्रास अक्टूबर 2023 में तंजानिया के जांजीबार में पहला अंतरराष्ट्रीय कैंपस खोलने जा रहा है। इस कैंपस की डायरेक्टर-इन-चार्ज की कमान प्रीति अघालयम संभालेंगी।

वह न केवल आईआईटी जांजीबार की पहली महिला डायरेक्टर-इन-चार्ज हैं बल्कि आईआईटी की ही पहली महिला डायरेक्टर-इन-चार्ज हैं।

कर्नाटक के मैसूर में जन्मीं प्रीति अघालयम का आईआईटी मद्रास से पुराना रिश्ता रहा है। उन्होंने 1995 में यहीं से केमिकल इंजीनियरिंग में बीटेक की थी। अब वह 21 साल से प्रोफेसर हैं।

'ये मैं हूं' में जानिए प्रोफेसर प्रीति अघालयम का सफल सफर:

पापा, दादा और मां को देख प्रोफेसर बनने का सोचा

मुझे बचपन से साइंस में दिलचस्पी रही है। पापा केमिस्ट्री के प्रोफेसर रहे हैं। दादाजी भी एकेडमिक्स से जुड़े रहे। वह राइटर रहे हैं। उन्हें देख मैंने भी एक किताब लिखी।

Related Post