जिस लहसुन के भाव किसानों को नहीं मिल रहे थे और किसान खेत से निकाल कर बाहर फेंक रहे थे। अब लहसुन के दाम ऊंचाइयों पर पहुंच रहे हैं। जिससे किसानों को राहत मिली है। मानों सब्जियों के भाव भी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी से चूकना नहीं चाह रहे हैं। यही कारण है कि हर घर की रसोई में बेहद खास मानी जाने वाली अदरक, लहसुन और धनिया के भाव आसमान छू रहे हैं। फुटकर बाजार में लहसुन का भाव जहां दोहरा शतक मार रहा है, वहीं अदरक भी 150 से 200 रुपए प्रति किलो भाव से बाजार में मिल रहा है। ऐसे में धनिया ने भी भाव में शतक बना लिया है। हरी मिर्च भी अर्द्धशतक पार कर 60 से 80 रुपए पर नाबाद है। चढ़ते भावों को देख भिंडी के दाम भी दोगुने हो चुके हैं, जो अब 20 के बजाय 40 रुपए प्रति किलो के भाव से मिल रही है। यही हाल लौकी के हैं। सब्जी के फुटकर व्यापारी बताते हैं कि सर्दी की दस्तक से ही सब्जियों की वैरायटी बढ़ जाती है और दाम भी नियंत्रित रहते हैं। लेकिन अभी कुछ सब्जियों के भाव काफी चढ़े हैं। साथ ही बताते हैं कि अभी हाल फिलहाल कम उम्मीद ही जताई जा रही है कि भाव नियंत्रित हों। बीते दिनों की तुलना करें तो भिंडी, लौकी, तरोई सरीखी सब्जियों के भाव में तेजी आई है।
टमाटर अब ठंडा
कुछ हफ्तों पहले 200 रुपए प्रति किलो तक के भाव से बिकने वाले टमाटर के भाव अभी दम तोड़ चुके हैं। स्थानीय मार्केट में अभी टमाटर सिर्फ 20 से 30 रुपए बिक रहा है।
बाहर से आने वाली सब्जियों के भाव तल्ख
थोक व्यापारी बृजमोहन कोली बताते हैं कि अभी सब्जी की आवक में कोई दिक्कत नहीं है। चूंकि अभी लोकल सब्जियों की आवक न के बराबर है, इसलिए सब्जियां बाहर से मंगवानी पड़ रही हैं। दीपावली के बाद स्थानीय सब्जियां आने से दाम नीचे आएंगे। लहसुन, अदरक और धनिया बाहर से आता है इसलिए इसके दाम अधिक हैं।
सब्जी भाव रुपए प्रति किलो
लहसुन : 180-200,250
अदरक : 150,200
धनिया :100,150
सेम फली 70-80
ग्वार फली 80
चवला 80
अरबी 80
तरोई 80
नींबू 80
परवल 60-80
फूलगोभी 50-60
