विधानसभा चुनाव के दृष्टिगत अबकी बार प्रत्याशियों को ऑनलाइन नामांकन दाखिल करने की सुविधा रहेगी। इसके लिए निर्वाचन विभाग ने पहली बार सुविधा पोर्टल बनाया है। कोई भी प्रत्याशी घर बैठे सभी तरह के दस्तावेज ऑनलाइन तरीके से पोर्टल पर अपलोड करके नामांकन दाखिल कर सकेगा। साथ ही ऑनलाइन जमानत राशि का चलान भी जमा करवा सकेगा। सामान्य वर्ग के लिए दस हजार तथा एससी व एसटी वर्ग के लिए 5 हजार रुपए की जमानत राशि निर्धारित की गई है। ऑनलाइन तरीके से नामांकन दाखिल करने के बाद निर्धारित तिथि से पहले आवेदक को इसकी मूल प्रति ऑफलाइन तरीके से आरओ को अनिवार्य रूप से जमा करवानी होगी। बाद में ऑनलाइन तरीके से ही इसकी जांच भी होगी। जिले में तीस अक्टूबर से छह नवम्बर तक नामांकन का दौर चलेगा। सात नवम्बर को नामांकनों की जांच होगी। नौ तक नाम वापसी का दौर चलेगा। इसके बाद 25 नवम्बर को मतदान होगा। तीन दिसम्बर को मतगणना होगी। जिले में पांच विधानसभा सीटों पर चुनाव करवाने को लेकर निर्वाचन विभाग की टीम जुट गई है। जिले में कुल 13 लाख 89 हजार 346 मतदाता पंजीकृत हैं। जिला कलक्ट्रेट में निर्वाचन शाखा के प्रभारी हंसराज वर्मा ने बताया कि सुविधा पोर्टल पर नामांकन लेने की सुविधा पहली बार शुरू की गई है। इसे लेकर राजनीति दलों के प्रतिनिधियों को जानकारी दी चुकी है। ऑनलाइन नामांकन के बाद मूल प्रति आरओ को ऑफलाइन तरीके से अनिवार्य रूप से जमा करवानी होगी।
जिला प्रशासन की पहल
विधानसभा चुनाव 2023 में जिला हनुमानगढ़ में दिव्यांग मतदाताओं की शत-प्रतिशत भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए नई पहल की गई है। जिला निर्वाचन अधिकारी हनुमानगढ़ के अनुसार बूथ लेवल अधिकारी घर-घर जाकर सभी दिव्यांग मतदाताओं से सम्बन्धित सूचनाएं यथा होम वोटिंग, व्हील चेयर, मतदान सहायक आदि को सर्वे फार्म में संकलित करेगा। उक्त संकलित सूचनाओं के आधार पर जिला प्रशासन दिव्यांग मतदाताओं की शत-प्रतिशत मतदान के लिए आवश्यक सहयोग प्रदान करेगा। इस दौरान सभी विधानसभा क्षेत्र में रिटर्निग अधिकारियों द्वारा बूथ लेवल अधिकारियों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
आरओ को प्रशिक्षण
विधानसभा चुनाव में राजनीतिक पार्टियों व प्रत्याशियों को सभी तरीके की अनुमति सुविधा एप्लीकेशन के माध्यम से ऑनलाइन ही उपलब्ध करवाई जाएगी। इस एप्लिकेशन के माध्यम से नामांकन से लेकर काउंटिंग तक सभी तरह की अनुमति दी जाएगी। इसके लिए किसी तरह के ऑफलाइन प्रार्थना पत्र को भरने की आवश्यकता नहीं होगी। रिटर्निंग अधिकारियों के लिए एनक्योर एप्लीकेशन बनाया गया है, जिसके बारे में कलक्ट्रेट सभागार में रिटर्निग अधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया है।
